चुनावी रैलियों में दी जा रही विवादित बयानों से EC चिंतित
लोकसभा चुनाव के दौरान भाजपा, कांग्रेस समेत कई राजनीतिक दलों ने चुनावी रैलियों में आपत्तिजनक टिप्पणी की। इन टिप्पणियों से चुनाव आयोग ने भी चिंता जाहिर की है। इसी बीच आयोग ने राजनीतिक दलों के शीर्ष नेताओं को मौजूदा लोकसभा चुनाव में प्रचार अभियान में अच्छे उदाहरण पेश करने की गुजारिश की है।
चुनाव आयोग ने यह भी कहा कि पार्टी के शीर्ष नेताओं की ये जिम्मेदारी है कि उनके नेता विवादित टिप्पणी देने से बचें। चुनाव आयोग ने कहा कि उसने 90 प्रतिशत से अधिक शिकायतों का निपटारा कर दिया है और पार्टियों की ओर से कोई भी बड़ी शिकायत लंबित नहीं है।चुनाव आयोग ने आगे जानकारी दी कि आदर्श आचार संहिता (एमसीसी) लागू होने के लगभग दो महीने पूरे हो गए हैं, विभिन्न राजनीतिक दलों और उम्मीदवारों द्वारा निर्वाचन क्षेत्र में प्रचार किया जा रहा है। देश के ज्यादातर राज्यों में हिंसा की घटना नहीं घटी है। वहीं, बिना वोटरों को बिना किसी प्रलोभन दिए मतदान हो रहे हैं।

छह महीने तक कक्षाओं और हॉस्टल में प्रवेश पर प्रतिबंध
सीएम बोले—अंतरराष्ट्रीय मंच पर भी नहीं रखी देश की इज्जत
दिल्ली में हड़कंप: लाल किला और विधानसभा पर हमले की चेतावनी
टीम इंडिया की लुटिया डूबो कर ही मानेंगे गौतम गंभीर! हार के सबसे बड़े कसूरवार, प्लानिंग की चूक या जिद का खेल?
विधानसभा में बीपीएल शर्त बनी बवाल की वजह, सरकार पर बढ़ा दबाव
चार साल बाद वेस्टइंडीज-जिम्बाब्वे होंगे आमने-सामने, भारत की नजर भी इस मुकाबले पर रहेगी
जबलपुर में राकेश सिंह का बयान: बजट से प्रदेश को मिलेगी नई रफ्तार
रिटायर सैन्य अधिकारियों पर किताब लिखने की कोई पाबंदी नहीं: रक्षा मंत्री का स्पष्टीकरण
पावरप्ले में 'पावर' गायब!: टीम इंडिया की ओपनिंग जोड़ी क्यों हो रही फेल? पांच मैचों में सिर्फ 34 रन की साझेदारी
शीर्ष क्रम फेल...उपकप्तान अक्षर को बाहर कर सुंदर को जगह!: इन सात वजहों से हारा भारत, टीम मैनेजमेंट सवालों में