कांग्रेस विधायक सचिन यादव ने किया बुराहनपुर और खंडवा का दौरा, चुनाव की तैयारियों को लेकर की चर्चा
बुराहनपुर । कांग्रेस विधायक और पूर्व कृषि मंत्री सचिन यादव बुराहनपुर और खंडवा जिले में दौरे पर रहे। बुराहनपुर में उन्होंने कांग्रेस की ओर से की जा रही लोकसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर चर्चा की। कांग्रेसी नेताओं के भाजपा में शामिल होने पर भी अपनी बात रखी। साथ ही मोहन सरकार से चुनाव में किए गए वादे के अनुसार गेहूं का समर्थन मूल्य बढ़ाकर की मांग भी की। खरगोन जिले के कसरावद से विधायक सचिन यादव ने कहा कि कांग्रेस लोकसभा चुनाव तैयारी में लगी हुई है। प्रत्याशियों के चयन की प्रक्रिया चल रही है। कांग्रेस का मैदानी कार्यकर्ता जनता से लगातार संपर्क बना रहा है। अपने एक दिवसीय दौरे के दौरान सचिन यादव ने हाल ही में जारी हुई CAG रिपोर्ट पर कहा कि कांग्रेस शुरू से ही भ्रष्टाचार और घोटाले उजागर कर रही है। अब इस रिपोर्ट पर संज्ञान लेते हुए मुख्यमंत्री मोहन यादव को कार्रवाई करना चाहिए। विधायक सचिन यादव ने कहा कि भाजपा सरकार ने अपने चुनावी घोषणा पत्र में 2700 रुपये गेहूं का समर्थन मूल्य देने की बात कही थी। लेकिन, किसानों को सिर्फ 2200 रुपये का ही भाव दिया जा रहा है। प्रदेश सरकार किसानों से किए गए अपने वादे को जल्द से जल्द पूरा करे।
वरिष्ठ कांग्रेसी नेताओं के भाजपा में जाने की बात अफवाह
बात दें कि भाजपा नेता कैलाश विजयवर्गीय ने छिंदवाड़ा सीट से शिवराज सिंह चौहान को चुनाव लड़ने का प्रस्ताव दिया गया था। इसे लेकर सचिन यादव ने कहा कि यह भाजपा का अंदरूनी मामला है। वहीं, कमलनाथ, नकुलनाथ, अरुण यादव समेत विवेक तंखा जैसे वरिष्ठ कांग्रेसी नेताओं के भाजपा में शामिल होने की बात पर विधायक यादव ने कहा कि यह सब बातें अफवाह हैं। अब यह अफवाहें कौन फैला रहा है यह आप लोग भाजपा नेताओं से पूछिए।

राशिफल: जानिए, कैसा रहेगा आपका आज का दिन (22 मार्च 2026)
केंद्रीय नीतियों पर उठाए सवाल, आम आदमी की चिंता व्यक्त की
लोगों ने जताई नाराजगी, सोशल मीडिया पर हो रही तीखी प्रतिक्रिया
न्यायिक सुधारों में पारदर्शिता और जवाबदेही पर जोर
‘भाजपा की बी-टीम है कांग्रेस’ – सीएम विजयन का विवादित बयान
‘उस समय चिंता जताने वाले शहंशाह चुप क्यों?’ कांग्रेस का तीखा सवाल
चुनावी माहौल में दिया ‘BJP हटाओ, देश बचाओ’ का नारा
फैंस ने खरीदे 6 लाख तक के टिकट, आयोजन हुआ विवादित
हाई कोर्ट में सोम डिस्टिलरीज केस की सुनवाई, ना स्टे मिला ना राहत — 23 मार्च को टॉप प्राथमिकता पर होगी अगली सुनवाई
महापौर का बयान: “जिसकी जरूरत होती है, वही सामान खरीदते हैं”