सफलतापूर्वक हुआ ऑपरेशन, सैफ़ अब ठीक हैं
मुंबई: लीलावती अस्पताल में न्यूरोसर्जन डॉक्टर नितिन डांगे ने सर्जरी के बाद प्रेस को यह बयान जारी किया है। उनका कहना है कि सैफ़ अली खांन को 2 बजे लीलावती अस्पताल में एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा हमला किए जाने की रिपोर्ट के साथ भर्ती कराया गया था। उन्हें थोरेसिक रीढ़ की हड्डी में गंभीर चोटें आईं, जिसमें रीढ़ की हड्डी में एक चाकू फंस गया था। चाकू को हटाने और लीक होने वाले रीढ़ की हड्डी के द्रव की मरम्मत के लिए आपातकालीन सर्जरी की गई। इसके अलावा, प्लास्टिक सर्जरी टीम द्वारा उनके बाएं हाथ पर दो गहरे घाव और गर्दन पर एक का इलाज किया गया। डॉ. डांगे ने बताया कि मुझे यह पुष्टि करने में खुशी हो रही है कि सैफ़ अली खांन अब पूरी तरह से स्थिर हैं, अच्छी तरह से ठीक हो रहे हैं और खतरे से बाहर हैं।
6 जगहों पर किया था वार
लीलावती अस्पताल ने सैफ अली खान पर हुए हमले को लेकर पहले एक बयान जारी किया था, जिसमें बताया गया था कि उन्हें कहां-कहां चोटें आई हैं। अस्पताल के मुताबिक, सैफ अली खान पर 6 जगहों पर हमला किया गया और एक्टर के शरीर पर 2 जगहों पर गहरी चोटें आई हैं। गर्दन और रीढ़ की हड्डी पर चाकू से हमला किया गया था।
पुलिस की जांच जारी
पुलिस को शुरुआती तौर पर शक है कि सैफ पर हमला करने वाले आरोपी चोरी के इरादे से घर में घुसे थे। मुंबई पुलिस ने सैफ पर हुए हमले की जांच के लिए लोकल और क्राइम ब्रांच की कुल 10 टीमें बनाई हैं। पुलिस का दावा है कि 4 से 5 घंटे में इस केस को सुलझा लिया जाएगा और संदिग्ध का भी पता चल जाएगा।

कर्नाटक में ऑल इज वेल: रामलिंगा रेड्डी का इस्तीफा विवाद सुलझा, संकटमोचक बनकर उभरे शिवकुमार
सोना हुआ धड़ाम! कीमतों में आई भारी कमी, चांदी की चमक भी पड़ी फीकी
डोनाल्ड ट्रंप की मौजूदगी के बीच व्हाइट हाउस के पास गोलीबारी, सीक्रेट सर्विस ने हमलावर को मार गिराया
भारत ने डेब्यूटेंट मानव सुथार पर जताया भरोसा, अफगानिस्तान के खिलाफ मिला मौका
कर्मचारियों को बड़ा तोहफा: महंगाई भत्ते में 2% वृद्धि, जानें किसे मिलेगा फायदा
आयरलैंड और इंग्लैंड दौरे से पहले टीम इंडिया में बड़े बदलाव के संकेत
कर्नाटक सरकार का नया नियम, ऐप के जरिए होगी उपस्थिति की निगरानी
सूरत की धरती से पीएम मोदी की हुंकार, कांग्रेस शासित राज्यों की बदहाली का किया दावा
पहचान मिटाने की चीनी साज़िश: स्वायत्तता के नाम पर तिब्बत का जबरन सांस्कृतिक रूपान्तरण
‘है जवानी तो इश्क होना है’ की शानदार शुरुआत, क्या ‘बंदर’ और ‘पेद्दी’ रह गईं पीछे?