26 जनवरी तक परमिट नवीनीकरण नहीं हुआ तो बंद होंगी, रीवा से चलने वाली अंतरराज्यीय बसें
रीवा। रीवा में अंतरराज्यीय बस परमिट पर उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र सहित अन्य प्रदेशों के लिए चल रही बसों का संचालन 26 जनवरी के बाद से बंद हो सकता है. इन बसों को पहले से मिले परमिट की अवधि आगे नहीं बढ़ाई गई है, जिसकी वजह से इनके संचालन पर संकट मंडराने लगा है।
ऑपरेटर्स कर रहें अवधि बढ़ाने की मांग
पांच साल पहले इस तरह के परमिट कई बस ऑपरेटर्स को जारी हुए थे. जिसके चलते रीवा से उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, तेलंगाना आदि राज्यों के लिए बसें जा रही हैं. पूर्व में जारी परमिट की अवधि बढ़ाने की मांग बस ऑपरेटर्स की ओर से लगातार की जा रही है. जिस पर अब तक परमिट को आगे बढ़ाने के संबंध में निर्देश नहीं आया है. अब सरकार के स्तर पर 26 जनवरी के पहले यदि कोई आदेश जारी किया जाता है तो बस ऑपरेटर्स को राहत मिलेगी, अन्यथा इनका संचालन बंद करना होगा।
रीवा से सबसे ज्यादा बसें उत्तर प्रदेश के लिए
रीवा से सबसे अधिक बसें उत्तर प्रदेश में प्रयागराज, प्रतापगढ़, मिर्जापुर, बनारस आदि शहरों के लिए जा रही हैं. इसी तरह महाराष्ट्र में नागपुर जाने वाली बसों की संख्या सर्वाधिक है. इनका संचालन बंद होने से न केवल ऑपरेटर्स को समस्या होगी बल्कि यात्रियों की सुविधाओं पर भी असर होगा. कई रूट ऐसे हैं जहां के लिए रेल सुविधाएं भी नहीं हैं, जिसके चलते बस पर ही यात्रा की निर्भरता रहती है. बस ऑपरेटर्स इस संबंध में जल्द ही बैठक बुलाएंगे, जिसमें वे आगे की रणनीति तय करेंगे. आधा सैकड़ा बसों का संचालन इससे प्रभावित होगा।
सुगम परिवहन सेवा प्रारंभ होने में लगेगा समय
सेवा की शुरुआत करने की अनुमति दी गई है. इस पर काम भी तेजी के साथ चल रहा है लेकिन अनुमान है कि आगामी मार्च महीने के बाद ही इसका संचालन प्रारंभ होगा. इस बीच अंतरराज्यीय परिवहन की वर्तमान सेवाएं उस अवधि तक जारी रखने की मांग भी बस ऑपरेटर्स की ओर से तेज हो गई है।
विभाग ने 15 साल पुरानी बसों के चलन पर लगाई रोक
परिवहन विभाग की ओर से 15 वर्ष पुरानी बसों के संचालन पर रोक लगाए जाने संबंधी निर्देश कुछ समय पहले जारी किए गए हैं. इस पर सबसे अधिक रीवा संभाग में 28 बसों के परमिट निरस्त किए गए हैं. इन बसों के संचालन पर निगरानी के लिए विभाग की टीमों ने कई जगह जांच भी की है. क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी मनीष त्रिपाठी का कहना है कि यात्रियों की बसों का अंतरराज्यीय परमिट ग्वालियर मुख्यालय से जारी होता है. अभी परमिट आगे बढ़ाए जाने संबंधी कोई आदेश प्राप्त नहीं हुए हैं. यदि परमिट आगे नहीं बढ़ेगी तो दूसरे राज्यों के लिए जाने वाली बसों का संचालन रोकना पड़ेगा।

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