मांओ को मिलना चाहिए दुनिया का हर सम्मान: कृष्णा श्रॉफ
मुंबई। छोटे परदे का रियलिटी शो ‘छोरियां चली गांव’ के एपिसोड में कृष्णा श्रॉफ को ऐसा टास्क मिला जिसने उन्हें और दर्शकों को गहराई से छू लिया। सभी प्रतिभागियों को इस टास्क में छोटे बच्चों की देखभाल करनी थी, यानी एक मां की जिम्मेदारियां निभानी थीं। कृष्णा को भी एक बच्चे की जिम्मेदारी सौंपी गई, जिसे उन्होंने शुरुआत में पूरे उत्साह से अपनाया।
शुरुआत तो सहज रही, लेकिन जैसे ही बच्चा लगातार रोने लगा और उसे चुप कराना मुश्किल हुआ, कृष्णा खुद को असहाय महसूस करने लगीं। अंततः उन्होंने बच्चे को उसकी मां को लौटा दिया। यह अनुभव उनके लिए एक गहरी सीख साबित हुआ, जिसने उन्हें मातृत्व की असली चुनौतियों और जिम्मेदारियों का एहसास दिलाया। भावुक होते हुए कृष्णा ने कहा, “मेरे हिसाब से, माओं को सब कुछ मिलना चाहिए। उन्हें इस दुनिया का हर सम्मान, हर सराहना मिलनी चाहिए।” उनकी यह सच्ची प्रतिक्रिया दर्शकों को उनके एक ऐसे पहलू से परिचित कराती है, जो अब तक कम ही सामने आया था एक ऐसा पक्ष जो मातृत्व की कठिनाइयों से विनम्र और अभिभूत है।
हालांकि यह पल गंभीर था, लेकिन कृष्णा ने इसमें थोड़ा हास्य भी जोड़ा। उन्होंने हंसते हुए स्वीकार किया कि वह हमेशा से बच्चा चाहती थीं, मगर इस अनुभव ने उन्हें दोबारा सोचने पर मजबूर कर दिया। मजाकिया अंदाज में उन्होंने कहा कि अब उन्हें यकीन नहीं है कि वह इसके लिए तैयार हैं। उनकी ईमानदार और दिल से निकली बातों ने एपिसोड में भावनात्मक गहराई भर दी।

राशिफल 06 जून 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
सुशासन तिहार: मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने सुनीं 17 गांवों की समस्याएं
राज्य के 7 जिलों में लोगों की आमदनी बढ़ाने के लिए एकीकृत आजीविका कार्यक्रम
राज्य वित्त आयोग 6 जून को करेगा नर्मदापुरम का दौरा
मुख्यमंत्री डॉ. यादव से मिलीं पर्वतारोही अंजना यादव
पर्यावरण दिवस पर मार्कफेड में वृक्षारोपण
‘खेत बचाओ अभियान‘ के तहत एनआईबीएसएम द्वारा हरी खाद तकनीक का सजीव प्रदर्शन
ऊर्जा मंत्री तोमर ने विषम परिस्थितियों में बिजली कार्मिकों द्वारा व्यवधानों के त्वरित निराकरण और उपभोक्ताओं के धैर्य की सराहना की
हमारी जीवन पद्धति में प्रकट होता है पर्यावरण संरक्षण: मुख्यमंत्री डॉ. यादव
सेवानिवृत्ति के बाद आराम नहीं, बल्कि खेती में नई पहचान बनाने का सपना’