शहबाज शरीफ ने ट्रंप से लगाई गुहार, सूखे के डर से भारत से बातचीत को इच्छुक
पहलगाम हमले के बाद भारत द्वारा की गई कार्रवाई से पाकिस्तान घुटनों पर आ गया है। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ भारत से बातचीत को लेकर एक बार फिर अमेरिका के सामने गिड़गिड़ाए हैं। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने जम्मू-कश्मीर, सिंधू जल संधि, व्यापार और आतंकवाद की खिलाफत जैसे लंबित मुद्दों पर वार्ता की इच्छा जाहिर की है। उन्होंने अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रूबियो से ये बात कही है। पाकिस्तान के सरकारी टीवी पीटीवी की ओर से एक सोशल मीडिया पोस्ट में ये दावा किया गया है। इसमें कहा गया कि गर्मजोशी और सौहार्दपूर्ण बातचीत के दौरान प्रधानमंत्री ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को अपनी शुभकामनाएं दीं.
उन्होंने राष्ट्रपति की उनके साहसिक नेतृत्व के लिए प्रशंसा की और विदेश मंत्री रुबियो की सक्रिय कूटनीति की सराहना की, जिसने 'पाकिस्तान और भारत को संघर्षविराम समझौते पर पहुंचने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई.' शरीफ ने कहा कि पाकिस्तान के बारे में राष्ट्रपति ट्रंप के सकारात्मक बयान दक्षिण एशिया में स्थायी शांति के लिए सबसे उत्साहजनक हैं, जिसे पाकिस्तान और भारत के बीच सार्थक बातचीत शुरू करके ही संभव बनाया जा सकता है.पीटीवी के अनुसार, शहबाज ने भारत और पाकिस्तान के बीच संघर्ष विराम कराने के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और रूबियो की भूमिका की सराहना की।
उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के बारे में राष्ट्रपति ट्रंप के सकारात्मक बयान दक्षिण एशिया में स्थायी शांति के लिए अत्यंत उत्साहजनक हैं, जिसे केवल पाकिस्तान और भारत के बीच सार्थक वार्ता शुरू करके ही संभव बनाया जा सकता है।दक्षिण कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल को आतंकी हमला हुआ। इस हमले में 26 लोगों की बर्बर तरीके से हत्या कर दी गई। उनकी हत्या करने से पहले उनकी धार्मिक पहचान की गई। इन मृतकों में अधिकांश पर्यटक शामिल थे। इसके बाद भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ पांच रणनीतिक फैसले लिए थे। जिनमें सिंधु जल संधि को निलंबित करना और नई दिल्ली में पाकिस्तानी उच्चायोग के कर्मचारियों की संख्या घटाना भी शामिल था।

‘खेत बचाओ अभियान‘ के तहत एनआईबीएसएम द्वारा हरी खाद तकनीक का सजीव प्रदर्शन
ऊर्जा मंत्री तोमर ने विषम परिस्थितियों में बिजली कार्मिकों द्वारा व्यवधानों के त्वरित निराकरण और उपभोक्ताओं के धैर्य की सराहना की
हमारी जीवन पद्धति में प्रकट होता है पर्यावरण संरक्षण: मुख्यमंत्री डॉ. यादव
सेवानिवृत्ति के बाद आराम नहीं, बल्कि खेती में नई पहचान बनाने का सपना’
विश्व पर्यावरण दिवस पर “खेत बचाओ अभियान” का शुभारंभ
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, मशीन लर्निंग और साइबर सुरक्षा भविष्य की अर्थव्यवस्था के प्रमुख आधार : मंत्री टेटवाल
प्रकृति मित्र बनकर धरती माता का आंगन हरा-भरा रखने के लिए लगायें पेड़ : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
सुरक्षा व्यवस्था का नया युग, BSF-SSB तैनाती वाले इलाकों में हाईटेक निगरानी
मीनाक्षी नटराजन के विरोध के बीच कैलाश विजयवर्गीय का बड़ा दांव
पुलिस को देखकर भागते थे पारधी, अब उनके बच्चे बैठ रहे एसपी के साथ