बिजली खपत कम करेंगे तो बिल भी कम ही आएगा, रीडिंग में भी कोई गड़बड़ी नहीं हो रही
भोपाल : मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी की पहल पर भोपाल सहित पूरे कंपनी कार्यक्षेत्र के 16 जिलों में घरेलू स्मार्ट मीटर लगाने का काम तेजी से चल रहा है। भोपाल शहर वृत्त में लगभग तीन माह पहले लगाए जा चुके स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं से जब बातचीत की तो अनेक सकारात्मक पहलू सामने आए। अधिकतर स्मार्टमीटर उपभोक्ताओं ने फायदा होने की बात कही है। मकान नंबर 23, देवीनगर कॉलोनी करोंद भोपाल के उपभोक्ता श्री महेन्द्र श्रीवास्तव ने बताया कि उनके यहां तीन महीने पहले स्मार्ट मीटर लगा था। शुरू में उन्हें डर था की कहीं स्मार्ट मीटर से बिल तो अधिक नहीं आएगा, लेकिन जैसे ही अगले महीने बिल आया तो देखा कि कोई ऐसी गड़बड़ी नहीं आई। बल्कि अब तो ऐप के माध्मय से अपने घर के बिजली उपयोग को भी नियंत्रित करना सीख गए हैं, क्योंकि जो उपकरण हम अधिक समय चलाते थे, उन पर नियंत्रण करने से बिल में अब कमी आई है।
इसी तरह करोंद के ही देवकी नगर की उपभोक्ता देव कुमारी ने बताया कि स्मार्ट मीटर से रीडिंग लेने में कोई गड़बड़ी नहीं है, बल्कि अब तो अपने आप रीडिंग हो रही है और सटीक रीडिंग हो रही है। अब तो न कोई रीडिंग लेने आता है, बल्कि अपने आप दूरसंचार प्रणाली से रीडिंग हो रही है और निर्धारित तिथि को सही रीडिंग का बिल मोबाइल पर दिया जा रहा है।
एक अन्य स्मार्ट मीटर उपभोक्ता मकान नंबर 87, गांधीनगर निवासी श्री शेरू रजक ने बताया कि अब हमें बिजली की खपत की हर पंद्रह मिनट में जानकारी मिल रही है। इससे अंदाजा लगाना आसान हो गया कि हम किस समय कितनी बिजली की खपत करते हैं। इससे एक तो बिजली की बचत करने में आसानी हो रही है, दूसरी बात यह कि बिल में पूरी पारदर्शिता आ गई है, क्योंकि रीडिंग में गलती होने की अब जरा सी भी गुंजाइश नहीं है।
मकान नंबर 53, एकतापुरी निवासी अमित सेमल ने बताया कि वे जिस किराए के मकान में रहते हैं, वहां स्मार्ट मीटर लगा है। हमें डर था कि कहीं बिल अधिक आया तो कैसे भरेंगे। लेकिन नया मीटर लगने के बाद पहले ही महीने में हमने देखा कि सब्सिडी घटाकर बिल तो 82 रूपये ही आया है। इसके बाद लगातार तीन माह हो गए 100 रुपये से कम ही बिल आ रहा है, क्योंकि हमारी बिजली खपत कम है। इसलिए हमारे लिए तो यह मीटर फायदेमंद है।
घरेलू स्मार्ट मीटर के फायदे
ऊर्जा की खपत को ट्रैक करने और ऊर्जा की बचत करने में मदद करता है।
बिजली की खपत को सटीक रूप से मापता है, जिससे बिल में कोई गलती नहीं होती।
एप के जरिए मोबाइल पर रियल-टाइम डेटा देखकर ऊर्जा की खपत को नियंत्रित कर सकते हैं।
ऊर्जा की गुणवत्ता के बारे में जानकारी मिलती है, ताकि ऊर्जा की खपत को बेहतर बना सकते हैं।
ऊर्जा की खपत को ऑनलाइन ट्रैक करने और नियंत्रित करने की सुविधा मिलती है।
ऊर्जा की खपत को कम करने से पर्यावरण पर पड़ने वाला प्रभाव कम होता है।
ऊर्जा की खपत को नियंत्रित करने और ऊर्जा की बचत करने में मदद कर सकता है।

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